आशीर्वाद!!!
हे इष्ट मित्रों,शुभचिंतकों ,
अपेक्षित है आर्शीवाद आपका
नहीं दीजिएगा श्राप
कभी दीर्घायु होने का.
नहीं ये काल हैं
सतयुग,द्वापर,त्रेता का
काल है ये
कलियुग के पूर्वार्ध का
साम्राज्य चन्हु ओर ,
छाया हैं छल माया का,
मर्माहत होने हेतु
वेश मिला मानव का.
अतः पापात्मा को मिलेगा श्राप,
दीर्घायु होने का.
पुण्यात्मा को मिलेगा आशीर्वाद
अल्पायु होने का .........
......अन्ना......
अपेक्षित है आर्शीवाद आपका
नहीं दीजिएगा श्राप
कभी दीर्घायु होने का.
नहीं ये काल हैं
सतयुग,द्वापर,त्रेता का
काल है ये
कलियुग के पूर्वार्ध का
साम्राज्य चन्हु ओर ,
छाया हैं छल माया का,
मर्माहत होने हेतु
वेश मिला मानव का.
अतः पापात्मा को मिलेगा श्राप,
दीर्घायु होने का.
पुण्यात्मा को मिलेगा आशीर्वाद
अल्पायु होने का .........
......अन्ना......
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